मोहाली में खुले में कचरा फेंक रहे लोग, डंपिंग ग्राउंड न होने से बढ़ी दिक्कत, पूर्व डिप्टी मेयर बेदी ने उठाया मुद्दा

मोहाली
मोहाली के पूर्व डिप्टी मेयर कुलजीत सिंह बेदी ने पंजाब विधानसभा में विपक्ष के नेता और कांग्रेस विधायक दल के नेता प्रताप सिंह बाजवा को पत्र लिखकर मांग की है कि मोहाली में सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट ठोस कचरा प्रबंधन की गंभीर समस्या को आगामी विधानसभा सत्र के दौरान मजबूती से उठाया जाए। अपने पत्र में बेदी ने कहा कि मोहाली, जिसे पंजाब की मिनी राजधानी और एक प्रमुख शहर के रूप में जाना जाता है। अभी भी एक स्थायी डंपिंग ग्राउंड से वंचित है। उन्होंने कहा कि कोर्ट के आदेशों के बाद पुराना डंपिंग ग्राउंड बंद कर दिया गया है, लेकिन सरकार ने अभी तक इसके लिए कोई स्थायी और व्यावहारिक समाधान नहीं निकाला है। बेदी ने आरोप लगाया कि नगर निगम शहर में प्वाइंट्स और अन्य खाली जगहों के बाहर कचरा डाल रहा है। इससे गंदगी, बदबू और बीमारियों के फैलने का खतरा लगातार बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि यह मुद्दा सीधे तौर पर शहर के निवासियों के स्वास्थ्य और पर्यावरण से जुड़ा है। उन्होंने अपने पत्र में यह भी उल्लेख किया कि मोहाली के विधायक कुलवंत सिंह ने खुद पंजाब विधानसभा में समगोली में सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्रोजेक्ट को शुरू करने की मांग की थी। जबकि डेराबस्सी से आम आदमी पार्टी के विधायक कुलजीत सिंह रंधावा ने इसका विरोध करते हुए कहा था कि इससे 15 से 20 गांव प्रभावित होंगे। बेदी ने कहा कि सरकार के अपने ही विधायकों के अलग-अलग रुख के कारण यह महत्वपूर्ण मुद्दा आज भी अनसुलझा है और मोहाली के लोग इसकी कीमत चुका रहे हैं। कुलजीत सिंह बेदी ने यह भी दावा किया कि मोहाली का कचरा स्टॉर्म ड्रेन बरसाती नालों में डाला जा रहा है, जो न केवल पर्यावरण के लिए एक गंभीर खतरा है, बल्कि कानूनी दृष्टिकोण से भी एक संवेदनशील मामला हैए क्योंकि जल निकायों में कचरा डालना प्रतिबंधित है।






