चंडीगढ़ में 103 फीट ऊंचे रावण का दहन, रथों पर सवार होकर आएंगी राम-रावण की सेनाएं

चंडीगढ़, 25 सितंबर 2025( विनोद शर्मा ) – इस साल चंडीगढ़ के सेक्टर-46 में दशहरे का आयोजन पहले से कहीं अधिक भव्य और ऐतिहासिक होने जा रहा है। श्री सनातन धर्म दशहरा कमेटी द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में 103 फीट ऊंचे रावण का दहन किया जाएगा, जो अब तक का सबसे ऊंचा पुतला होगा।
रावण के साथ लंका का दृश्य – पहली बार लाइव
इस बार दशहरा कार्यक्रम की सबसे खास बात यह है कि तीनों पुतलों – रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद – के चारों ओर लंका का भव्य दृश्य तैयार किया गया है। यह दृश्य आम दशहरा आयोजनों में देखने को नहीं मिलता।
रथों पर सवार होकर युद्ध करेगी राम-रावण की सेना

पुरानी परंपरा के अनुसार, इस बार राम और रावण की सेना रथों पर सवार होकर युद्ध भूमि में पहुंचेगी। रावण का पुतला भी रथ पर बैठाकर मैदान में लाया जाएगा, जिसे दो घोड़े खींचेंगे। युद्ध के विभिन्न ऐतिहासिक संवाद जैसे:
-
रावण-हनुमान संवाद
-
रावण-अंगद संवाद
-
लक्ष्मण-मेघनाद संवाद
मंच पर नाटकीय रूप से प्रस्तुत किए जाएंगे।
103 फीट ऊंचे रावण से निकलेंगी चिंगारियां
इस बार रावण के चेहरे, आंखों और नाभि से चिंगारियां और अंगारे निकलते नजर आएंगे। रावण का मुख चारों दिशाओं में घूमेगा, जो दर्शकों के लिए एक विजुअल ट्रीट होगा।
ग्रीन आतिशबाजी से सजा होगा आसमान
आयोजन के दौरान ग्रीन पटाखों का इस्तेमाल किया जाएगा, जिससे पर्यावरण को नुकसान न पहुंचे। यह ग्रीन आतिशबाजी दर्शकों को एक अलग ही अनुभव देगी।
1 लाख दर्शकों की उम्मीद, महिलाओं व बुजुर्गों के लिए विशेष व्यवस्था
दशहरा कमेटी के अनुसार, इस आयोजन में 1 लाख से अधिक लोगों के पहुंचने की उम्मीद है।
-
10,000 से 12,000 कुर्सियां लगाई गई हैं।
-
सीनियर सिटीजन और महिलाओं के लिए विशेष बैठने की व्यवस्था की गई है।
अध्यक्ष जितेंद्र भाटिया का बयान:
“इस साल रावण का पुतला न केवल ऊंचाई में सबसे बड़ा है, बल्कि तकनीकी रूप से भी सबसे एडवांस है। आंखों और मुंह से निकलती चिंगारियां, घूमता हुआ मुख, और लंका का दृश्य दर्शकों के लिए नया अनुभव होगा। आतिशबाजी भी पूरी तरह से ग्रीन होगी।”






