Jaismine Lamboria: भारत की नई बॉक्सिंग क्वीन, वर्ल्ड चैंपियन बन रचा इतिहास!

Jaismine Lamboria: भारत की बेटी जैस्मिन लंबोरिया ने इतिहास रच दिया है! वर्ल्ड बॉक्सिंग चैंपियनशिप 2025 में उन्होंने महिला 57 किलोग्राम वर्ग में गोल्ड मेडल जीतकर देश का परचम दुनिया में लहरा दिया। जैस्मिन ने फाइनल में पेरिस ओलंपिक 2024 की सिल्वर मेडलिस्ट जूलिया स्जेरेमेटा (पोलैंड) को मात देकर यह खिताब अपने नाम किया।
कौन हैं जैस्मिन लंबोरिया?
हरियाणा के भिवानी जिले से आने वाली जैस्मिन, उस धरती की संतान हैं जिसे “India’s Little Cuba” कहा जाता है — क्योंकि यहां से देश को कई दिग्गज बॉक्सर मिले हैं। जैस्मिन ने 2022 में कॉमनवेल्थ गेम्स में ब्रॉन्ज मेडल जीता था, और तब से उनका सफर लगातार सफलता की ओर रहा है।
एक लड़की की ताक़त, जिसने परंपराओं को बनाया प्रेरणा!
जहां आज भी लड़कियों का बॉक्सिंग जैसे खेल में आना एक चुनौती मानी जाती है, वहीं जैस्मिन ने अपने परिवार की खेल परंपरा को न सिर्फ आगे बढ़ाया, बल्कि नई ऊंचाई दी। उनके पिता जयवीर लंबोरिया होमगार्ड की नौकरी करते हैं और उनकी मां गृहिणी हैं। लेकिन खेल उनके खून में है — उनके चाचा संदीप और परविंदर बॉक्सर रहे हैं, और परदादा हवा सिंह भारत के हेवीवेट बॉक्सिंग लीजेंड थे, जिन्होंने दो बार एशियाई खेलों में गोल्ड मेडल जीता।
सेना की सिपाही, रिंग की शेरनी
जैस्मिन ना केवल एक चैंपियन बॉक्सर हैं, बल्कि भारतीय सेना में भी शामिल हैं। उनका अनुशासन, आत्मबल और देशभक्ति उनकी हर बाउट में झलकता है। उन्होंने दिखा दिया कि बॉक्सिंग सिर्फ मुक्कों का खेल नहीं, हौसलों की लड़ाई है — और जैस्मिन इसमें सबसे आगे हैं।
देश का गर्व बनी जैस्मिन
जैस्मिन की यह जीत केवल एक गोल्ड मेडल नहीं, बल्कि हर भारतीय लड़की के लिए एक प्रेरणा है जो बड़े सपने देखती है। उनकी यह उपलब्धि आने वाली पीढ़ियों को ये संदेश देती है कि अगर हौसले बुलंद हों, तो कोई भी रिंग बड़ी नहीं होती।







