तमिलनाडु-बंगाल में चुनावी शोर थमा, कल डाले जाएंगे वोट, नेताओं ने झोंकी पूरी ताकत

नई दिल्ली
तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में गुरुवार को होने जा रहे विधानसभा चुनाव के लिए प्रचार अभियान मंगलवार शाम पांच बजे थम गया। तमिलनाडु की सभी 234 सीटों और पश्चिम बंगाल के पहले चरण के लिए 152 सीटों पर 23 अप्रैल को मतदान होगा। पश्चिम बंगाल में दूसरे चरण का चुनाव 29 अप्रैल को होगा, जिसमें 142 सीटों पर मतदान कराया जाएगा। चुनाव आयोग के आंकड़ों के अनुसार तमिलनाडु में कुल 4,023 उम्मीदवार चुनावी मैदान में उतरे हैं। वहां मुख्य मुकाबला वर्तमान सत्तारूढ़ द्रमुक के नेतृत्व वाले गठबंधन और उसके मुख्य प्रतिद्वंदी अन्नाद्रमुक, गैर-भारतीय जनता पार्टी बीच है। सत्तारूढ द्रमुक नेतृत्व की ओर से मुख्यमंत्री एमके स्टालिन स्टार प्रचारक हैं।
कांग्रेस और अन्य सहयोगी दलों के नेताओं ने भी राज्य में कई रैलियां की हैं। सत्तारूढ़ गठबंधन को बेदखल करने के लिए प्रमुख एडापट्टी के पलानीस्वामी अभियान की बागडोर संभाले हुए हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन और अन्य नेताओं ने भी चुनावी अभियान को धार दी है। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के पहले चरण के लिए 16 जिलों की 152 सीटों पर मतदान होगा। राज्य में चुनाव को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए आयोग ने सुरक्षा के अभूतपूर्व इंतजाम किए हैं।
ममता राज में माताओं-बहनों पर अत्याचार
कोलकाता। गृह मंत्री व बीजेपी के वरिष्ठ नेता अमित शाह मंगलवार को दार्जिलिंग पहुंचे। इस दौरान अमित शाह ने ममता सरकार को कठघरे में खड़ा किया। श्री शाह ने कहा कि ममता के राज में ढेर सारी माताओं बहनों पर अत्याचार हुआ। संदेश खाली की घटनाओं ने पूरे बंगाल को शर्मसार किया है और मैं आज बताना चाहता हूं कि माटी गढ़ा की वह निर्दोष बालिका हो, बागडोगरा की चाय बागान में आदिवासी महिला के साथ उत्पीडऩ हुआ हो, दुर्गापुर मेडिकल कॉलेज का बलात्कार, साउथ कलकत्ता लॉ कॉलेज का बलात्कार, आरजी कर मेडिकल कॉलेज का बलात्कार, हर बलात्कारी को चुन-चुन कर जेल की सलाखों के पीछे डालने का काम भारतीय जनता पार्टी करेगी।
श्री शाह ने कहा कि उत्तर बंगाल और दार्जिलिंग को बरसों से हो रहे अन्याय से मुक्ति पाने का चुनाव है। दीदी को निकालने का टाइम आ गया है। ये चुनाव दार्जिलिंग की पहाडिय़ों से लेकर गंगा सागर तक, गंगा सागर से लेकर बंगाल के कैपिटल कोलकाता तक हमारी माताओं-बहनों को सुरक्षित करने का चुनाव है।






