
अमरीका के साथ शांति वार्ता के दूसरे चरण के लिए अब तक ईरान का कोई प्रतिनिधिमंडल पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद के लिए रवाना नहीं हुआ है। ईरान के सरकारी प्रसारक ईरान इस्लामिक गणराज्य ब्रॉडकास्टिंग (इरिब) ने मंगलवार को यह जानकारी दी। इरिब की ओर से जारी बयान में कहा गया, “ईरान का कोई भी राजनयिक प्रतिनिधिमंडल अब तक पाकिस्तान के इस्लामाबाद नहीं गया है, चाहे वह मुख्य टीम हो या सहायक टीम, अथवा प्रारंभिक मिशन हो या अनुवर्ती मिशन।”
ईरान के विदेश मंत्रालय ने भी सोमवार को पुष्टि की कि इस्लामाबाद में प्रस्तावित दूसरे चरण की वार्ता के लिए कोई प्रतिनिधिमंडल पाकिस्तान नहीं जाएगा। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने कहा कि अमेरिका वार्ता को लेकर गंभीर नहीं है और यदि उसने पिछली गलतियों को दोहराया तो उसे “निर्णायक जवाब” का सामना करना पड़ेगा।
उन्होंने कहा कि वाशिंगटन के शब्द और उसके कदमों में स्पष्ट विरोधाभास है, जो उसके अस्थिर रुख को दर्शाता है। “उनकी बातों और कार्यों में समानता नहीं है, और ईरान अपने राष्ट्रीय हितों और प्राथमिकताओं को ध्यान में रखते हुए उचित निर्णय करेगा,” बघाई ने कहा। यह बयान ऐसे समय आया है जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा 7 अप्रैल को दो सप्ताह के युद्धविराम की घोषणा के बावजूद अमेरिका ने ईरानी बंदरगाहों और जहाजों पर नाकेबंदी जारी रखने की बात कही है।






